जब भारत में अंग्रेजों ने रेलवे ट्रैक बनाए तो इसका ठेका किसे मिला था?

भारत में जब रेलवे का जाल बिछ रहा था. तब माहौल आज जैसा नहीं था. उस वक्त रेलवे पर पूरी तरह से सरकार का कंट्रोल नहीं था. प्राइवेट कंपनियां न सिर्फ ट्रैक बिछाने और स्टेशन बनाने का काम करती थी, बल्कि ट्रेनों के ऑपरेशन का काम भी इनके हाथ में ही था. तब रेलवे को चलाने का कंपनियों को कॉन्ट्रैक्ट दिया जाता था.

जब भारत में अंग्रेजों ने रेलवे ट्रैक बनाए तो इसका ठेका किसे मिला था?
भारत में जब रेलवे का जाल बिछ रहा था. तब माहौल आज जैसा नहीं था. उस वक्त रेलवे पर पूरी तरह से सरकार का कंट्रोल नहीं था. प्राइवेट कंपनियां न सिर्फ ट्रैक बिछाने और स्टेशन बनाने का काम करती थी, बल्कि ट्रेनों के ऑपरेशन का काम भी इनके हाथ में ही था. तब रेलवे को चलाने का कंपनियों को कॉन्ट्रैक्ट दिया जाता था.