कभी मुलायम-मायावती का गढ़, तो कभी भाजपा का दबदबा

यूपी का बदायूं जिला अपनी ऐतिहासिक विरासत के साथ-साथ दिलचस्प राजनीतिक इतिहास के लिए भी जाना जाता है. यहां मुलायम सिंह यादव, मायावती और शिवपाल यादव जैसे दिग्गज नेताओं का चुनावी प्रभाव रहा है. 2017 में भाजपा ने पांच सीटें जीतकर बड़ा उलटफेर किया. छह विधानसभा सीटों वाले इस जिले में 2022 में भाजपा और सपा ने तीन-तीन सीटें जीती थी. बदायूं की राजनीति में यादव, मुस्लिम, मौर्य-शाक्य और अन्य समुदायों के मतदाताओं की भूमिका अहम रही है.

कभी मुलायम-मायावती का गढ़, तो कभी भाजपा का दबदबा
यूपी का बदायूं जिला अपनी ऐतिहासिक विरासत के साथ-साथ दिलचस्प राजनीतिक इतिहास के लिए भी जाना जाता है. यहां मुलायम सिंह यादव, मायावती और शिवपाल यादव जैसे दिग्गज नेताओं का चुनावी प्रभाव रहा है. 2017 में भाजपा ने पांच सीटें जीतकर बड़ा उलटफेर किया. छह विधानसभा सीटों वाले इस जिले में 2022 में भाजपा और सपा ने तीन-तीन सीटें जीती थी. बदायूं की राजनीति में यादव, मुस्लिम, मौर्य-शाक्य और अन्य समुदायों के मतदाताओं की भूमिका अहम रही है.